शिक्षक हत्याकांड में पकड़े गए बदमाश की पीड़ित परिवार से पहचान कराये पुलिस- शिक्षक एमएलसी लालविहारी यादव


बिल्थरारोड। उभांव थाने से महज 800 मीटर दूरी पर बाईट 16 सितम्बर को बाइक सवार बदमाशों द्वारा गोली मारकर दिनदहाडे किये गए शिक्षक देवेन्द्र प्रताप यादव की हत्या व छिनैती के बाद रविवार को मृत शिक्षक के घर वार्ड नम्बर 11 यादव नगर परिजनों से मिलने पहुंचे समाजवादी पार्टी के शिक्षक एमएलसी व नेता प्रतिपक्ष लालबिहारी यादव ने परिजनों को ढांढस बंधाते हुए उभांव पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े किए।एमएलसी यादव ने कहा कि अगर गिरफ्तार किया गया आरोपी ही असली अपराधी है, तो उस महिला शिक्षक से शिनाख्त करवाई जाए।जहां बदमाशों ने छिनैती का चेन व अंगूठी बेचा है, वह दुकान से वापस मंगवाकर मृत शिक्षक के परिजनों व शिक्षिका को दिखाए। अगर सही होगा तो ये लोग पहचान लेंगे। साथ ही अगर गिरफ्तार किया गया आरोपी ही असली अपराधी है, तो उस महिला शिक्षक से शिनाख्त करवाई जाए। अगर ऐसा नही होता है तो। किसी का फर्जी एनकाउंटर करके गिरफ्तार करने सही नही है।सबसे बड़ा सवाल यह है कि जब तीन लोग एक ही मोटरसाइकिल पर सवार थे, तो अलग-अलग जगहों से दो मोटरसाइकिलें कैसे बरामद हुईं?
उन्होंने आरोप लगाया कि उभांव पुलिस सिर्फ खानापूर्ति कर रही है, जबकि परिजन अब भी न्याय की उम्मीद लगाए बैठे हैं। एमएलसी यादव ने इस सम्बंध में उभांव इंस्पेक्टर राजेन्द्र प्रताप सिंह से मोबाइल से बात किया और कहा कि किसी निर्दोष को फर्जी न फसाया जाय। उन्होंने उभांव इंस्पेक्टर से कहा कि आभूषण बरामद कर व पकड़े गए अपराधी की पहचान पीड़ित के परिजनों व शिक्षिका से कराने के लिए कहा। देखना अब यह है कि उभांव पुलिस क्या एमएलसी की बातों पर ध्यान देती है या नही। वही पुलिस द्वारा बताया गया है कि बदमाशों ने छिनैती के आभूषण को राह चलते लोगो को कुल 60 हजार में बेच दिया और आपस मे तीनो बाट लिए। पुलिस की यह बात लोगो को हजम नही हो पा रही है। कोई राह चलते इस माहौल आभूषण खरीद लेगा। जिससे पर पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान लगाना लाजिम है।
