नवागत डीएम ज्ञानेंद्र सिंह के आने के बाद 30 साल पुराने भूमि विवाद में मिली राहत, एसडीएम शरद चौधरी सम्मानित
बेल्थरारोड (बलिया)। जिले में नवागत जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह के आगमन के बीच प्रशासनिक सक्रियता का असर अब जमीन पर भी दिखाई देने लगा है। बेल्थरारोड क्षेत्र के कुण्डैल नियामत अली गांव में करीब 30 वर्षों से भूमि पर चले आ रहे कब्जे के विवाद में आखिरकार वास्तविक भूस्वामियों को कब्जा दिलाया गया। इस कार्रवाई से प्रसन्न भूस्वामियों ने तहसील पहुंचकर उपजिलाधिकारी शरद चौधरी को सम्मानित किया और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रति आभार जताया।
जानकारी के अनुसार, बेल्थरारोड नगर निवासी शशिभूषण वर्मा उर्फ़ पिक्की वर्मा पूर्व सभासद की भूमि पर लंबे समय से अवैध कब्जे का आरोप था। भूमि पर अपना अधिकार पाने के लिए भूस्वामी वर्षों से सरकारी अधिकारियों और न्यायालय के चक्कर लगा रहे थे। शुक्रवार को उपजिलाधिकारी शरद चौधरी के नेतृत्व में कानूनगो गौरीशंकर यादव एवं लेखपाल सत्या यादव ने पत्थर गड़वाकर वास्तविक भूस्वामियों को भूमि पर कब्जा दिलाने की कार्रवाई पूरी कराई।
30 साल का इंतजार खत्म, प्रशासनिक कार्रवाई से मिला अधिकार
लंबे समय से लंबित इस मामले में कब्जा मिलने के बाद भूस्वामियों ने राहत की सांस ली। उन्होंने तहसील पहुंचकर एसडीएम शरद चौधरी को सम्मानित करते हुए प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया।
जिले में नवागत जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह के आगमन के बाद इस मामले में हुई कार्रवाई को लेकर प्रशासनिक सक्रियता की चर्चा हो रही है। वर्षों से न्याय की आस लगाए बैठे भूस्वामियों को जमीन पर कब्जा मिलना उनके लिए बड़ी उपलब्धि है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रति आभार जताते हुए भूस्वामियों ने प्रशासन की कार्रवाई की सराहना की।
लंबे समय से लंबित मामलों का समाधान और वास्तविक भूस्वामियों को उनका अधिकार दिलाना ही सुशासन की असली पहचान है।

