नागपंचमी त्यौहार के अवसर पर शाह कुन्डैल में समाजसेवी जसुराम राजभर के नेतृत्व में विशाल दंगल आयोजित किया गया

बिल्थरारोड। हिन्दू धर्म का प्रथम त्योहार नागपंचमी के अवसर पर मंगलवार को नगर व ग्रामीण क्षेत्रो में लोगो ने नाग देवता और इष्टदेवता को लावा दूध चढ़ाकर पूजन अर्चन किया। वही इस त्योहार के मौके पर होने वाले कुश्ती दंगल अतीत की बात हो गयी है। वही नागपंचमी के अवसर पर क्षेत्र के शाह कुन्डैल गांव में पुरानी परम्परा को जीवंत रखते हुए भव्य कुश्ती का आयोजन समाजसेवी जसुराम राजभर के नेतृत्व में आयोजित किया गया जिसमें दर्जनो युवा पहलवालो ने जोर आजमाइस किया। इस मौके पर भुल्लन, रामकेवल, जसवंत, शिवबचन, सत्येंद्र, बबलू, रामबदन, उमाशंकर आदि मौजूद रहे। इसके अलावा आधा दर्जन भर गावो में कुश्ती-दंगल का आयोजित किया गया । लगभग एक दशक पूर्व में हमारे पूर्वजों के द्वारा त्योहार के अवसर पर कुश्ती दंगल होने की परम्परा धीरे धीरे विलुप्त होने के कगार पर है। लगभग एक दशक पूर्व में यह परम्परा देखने को मिलती थी बच्चो और बड़े लोगो के द्वारा गांव गांव में अखाड़ा खोदकर कुश्ती के साथ लम्बी कूद, कबड्डी और अन्य खेलों का आयोजन किया जाता था। और गुड़ तथा चना प्रसाद के रूप में बाटा जाता था। लेकिन ऐसा लग रहा है कि आने वाली पीढ़ियों के लिए यह त्योहार और यह खेल केवल समाचार पत्रों फिल्मो आदि में देखनो और सुनने तक सीमित रह जायेगा।
