Eid Milad un nabi 2022:
बिल्थरारोड / में रविवार के दिन अंजुमन मदरसा अरबिया नुरुल इस्लाम अजीमाबाद द्वारा ईद मिलादुन्नबी का जुलूस निकाला गया। जिसकी सदारत हाफिज शमशाद अशरफी मदरसे के प्रधानाध्यापक हाफिज कारी इम्तियाज कादरी व हाफ़िज़ हामीदुल क़ादरी की कयादत में निकाली गई। जुलूस में खूब तिरंगा लहराया गया। सुरक्षा को लेकर उभांव एसएचओ अविनाश कुमार सिंह व सीयर पुलिस चौकी प्रभारी मदनलाल मय हमरी मौजूद रहे।
आज ही के दिन हजरत मोहम्मद मुस्तफा सल्लल्लाहो ताला अलेही वसल्लम की पैदाइश हुई। जिनकी खुशी में पूरे दुनिया में यौमे पैदाइश को जुलूस की शक्ल में निकाला जाता है। पैगंबर मोहम्मद सल्लल्लाहो आलैहि वसल्लम पूरी दुनिया के लिए रहमतुल लिल आलमीन बनकर आए। चाहे वह जानवर हो, गरीब या अमीर, राजा या रंक वो सभी के लिए रहमतुल लिल आलमीन बनकर आए।
इंसानो के अंदर जहाँ उंच नीच की भावना थी, जहाँ बेटी बहनो को ज़िंदा जला दिया जाता था, ज़मीनो में ज़िंदा गाड़ दिया जाता था। उन्होंने उन लोगों के दरमियान इंसानियत का पैग़ाम दिया। लोग उनकी बातों को ध्यान पूर्वक सुनकर धीरे धीरे बदी से दूर होते गए।
पैगंबरे मोहम्मद सल्लल्लाहोआलैहि वसल्लम के उपर पथ्थर बरसाया जाता था, मगर वो मुस्कुराकर रास्ते से गुज़र जाते थे ।
ईद मिलादुन्नबी का जुलूस अंजुमन मदरसा अरबिया से कुरान शरीफ की तिलावत के साथ शुरू हुआ जिसमें जुलूस की शक्ल में सहियां गाँव, ज़मीन परसड़ा, कुण्डैल, एक्सारे, बड़ागाँव, फरसाटार, आवांय, इमिलिया, और दिगर गाँव के लोगों ने जुलूसे मोहम्मदी में शिरक़त किये। अरशद हिन्दुस्तानी द्वारा नाते शरीफ पढ़ा गया।
जुलूस में नुरुल इस्लाम मस्जिद के हाफ़िज़ सेराज अहमद, नदीम अख्तर, मिनहाज उर्फ गुड्डन खान, केजीएन गुलाम रसूल, अब्दुल वहिद, एजाजुद्दीन शेख ,हसन सिवानी, मास्टर शमीम, जमशेद आलम, जावेद अख्तर, हाजी नुरुल हुदा, असगर कमाल सेराजु, अधिवक्ता शेरू, मौलाना बदरुद्दीन, हाफिज तारीख, पूर्व प्रधान प्रतिनिधि अब्दुल रहमान, कलीम फसाटारी, रिजवान उल्ला उर्फ मुन्ना भाई आदि शामिल रहे।



