नगर क्षेत्र में चल रहे अवैध अस्पतालो पर डीएम साहिब की हनक बे असर, स्थानीय प्रशासन चुप्पी साधे हुए है।

बिल्थरारोड । नगर में अवैध रूप से संचालित महिला अस्पतालों में हो रही जच्चा – बच्चा की मौतों के बाद भी स्वास्थ्य महकमा और प्रशासन के कान पर जूं नही रेंग रहा है। डीएम साहब का आदेश भी यहाँ बे असर दिख रहा है। नगर में दर्जन भर अवैध अस्पताल खुले हुए है। चौकियामोड़ नगरा मार्ग स्थित डीलक्स हॉस्पिटल में ऑपरेशन के दौरान हुई जच्चा-बच्चा की मौत के पांच दिन बीत जाने के बाद भी प्रशासन चुप्पी साधे हुए है।ज्ञात हो कि चार माह पूर्व में नगर के एक प्राइवेट अस्पताल में हुई घटना के लिए जांच के लिए नियुक्त सीएचसी सीयर के डॉक्टर एलसी शर्मा द्वारा जांच ठंडे बस्ते में पड़ गया और पुलिस ने करवाई करने के बजाय लीपा पोती कर दिया। आये दिन प्रसूताएं काल के गाल में चली जा रही है। एक साल में यह तीसरी घटना है। घटना के बाद ऐसे अस्पतालों में ताला बंद हो जाता है। प्रशासन द्वारा कोई करवाई नही की जाती है। इस तरह का मामला प्रकाश में आया है।चौकियामोड़ नगरा मार्ग पर संचालित डीलक्स अस्पताल में आपरेशन के दौरान शनिवार की सुबह प्रसूता पूजा शर्मा की मौत हो गई । जबकि तीन घण्टे बाद नवजात की भी मौत हो गयी । प्रसूता की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल पर लापरवाही का आरोप लगाकर जमकर बवाल किया । मृतका चंदौली जिला निवासी जितेंश शर्मा की पत्नी है । जो वर्तमान में पचमा गांव में अपने मायके में आई थी । बीते शनिवार की सुबह ही प्रसूता की मां उसे लेकर चौकियामोड़ के डिलक्स हास्पीटल पहुंची थी जहां परिजनों की सहमति के बाद आधे घंटे में ही आपरेशन कर दिया गया । इस दौरान प्रसूता की मौत हो गई । भनक मिलते ही उसकी मां अस्पताल के सामने ही दहाड़े मारकर रोने लगी । जिससे लोगों की भीड़ जुट गई । परिजनों के हंगामे के बाद अस्पताल के डाक्टर और अधिकांश स्टाफ फरार हो गए । घटना के पांच दिन बाद भी पुलिस मामले की जांच कर रही है ।स्थानीय प्रशासन भी चुप्पी साधे हुए हैं। लोगो का कहना है कि इस तरह की हो रही घटनाओं के बाद प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग जांच के बाद कारवाई करने के बजाय लीपापोती कर देता है।
