बलिया: 22.50 लाख के गांजे के साथ बिहार के दो तस्कर गिरफ्तार, ब्रेजा कार से हो रही थी तस्करी
एएनटीएफ थाना गाजीपुर की टीम ने सिकंदरपुर में की कार्रवाई, 45 किलो गांजा, कार, मोबाइल और 960 रुपये नकद बरामद
सिकंदरपुर (बलिया)। उत्तर प्रदेश में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत एएनटीएफ थाना गाजीपुर की टीम ने बलिया जिले के सिकंदरपुर क्षेत्र में बड़ी कार्रवाई की है। टीम ने 45 किलोग्राम अवैध गांजे के साथ बिहार निवासी दो कथित तस्करों को गिरफ्तार किया है। बरामद गांजे की अनुमानित कीमत करीब 22 लाख 50 हजार रुपये बताई गई है।
पुलिस के अनुसार, 16 अक्टूबर 2026 को मुखबिर की सूचना और सर्विलांस के आधार पर मुन्ना पांडेय के घर के सामने, डोमनपुरा तहसील रोड, सिकंदरपुर में एक ब्रेजा कार (नंबर JH 10 BG 8995) को रोककर तलाशी ली गई। इस दौरान कार से दो बोरियों में रखा 45 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ। इसके अलावा एक एंड्रॉयड मोबाइल फोन और 960 रुपये नकद भी मिले।
बिहार से गांजा लाकर देवरिया में बेचने की थी योजना
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अमित सिन्हा उर्फ शुभम सिन्हा उर्फ छोटू, निवासी वीर कुंवर सिंह कॉलोनी, नगर बक्सर, बिहार तथा विकास कुमार यादव, निवासी चंदरपुरा, ब्रह्मपुर, जिला बक्सर, बिहार के रूप में हुई है।
पुलिस के मुताबिक, पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे बिहार से गांजा लाकर देवरिया और आसपास के जिलों में बेचते थे। बिक्री से होने वाले मुनाफे को आपस में बांट लेते थे। घटना के दिन भी वे गांजा बेचने के लिए देवरिया जा रहे थे, तभी एएनटीएफ की टीम ने उन्हें पकड़ लिया।
एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज
इस मामले में थाना सिकंदरपुर, जनपद बलिया में मुकदमा अपराध संख्या 254/2026 के तहत एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/20/29/60 में मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्रवाई की जा रही है। पुलिस के अनुसार, इस तस्करी में संलिप्त अन्य सहयोगियों के संबंध में भी जानकारी जुटाई जा रही है और उनके खिलाफ कार्रवाई की तैयारी है।
एएनटीएफ की टीम ने की कार्रवाई
इस कार्रवाई में एएनटीएफ थाना गाजीपुर के प्रभारी निरीक्षक सुरेंद्र नाथ सिंह के नेतृत्व में उपनिरीक्षक शमी अशरफ शेख, मुख्य आरक्षी संजय सिंह राजावत तथा आरक्षी जयंत कुमार सिंह, देवानंद, अमित कुमार चौरसिया, प्रदीप कुमार और इंद्रपाल सिंह शामिल रहे।
पुलिस अधिकारियों के मार्गदर्शन और एएनटीएफ लखनऊ के निर्देशन में की गई इस कार्रवाई को अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ अहम कदम माना जा रहा है।

